कन्नौज । जिला अस्पताल में स्वास्थ्य सेवाएं पूरी तरह बदहाल हो चुकी हैं। यहां के मेडिसिन वार्ड में भर्ती मरीज रात भर गर्मी में उबलते रहते हैं। बिजली जाने के बाद यहां न पंखे चलते हैं और लाइट भी नाम के लिये जलती है।
मरीज को हाथ के पंखे से हवा देकर तीमारदार यहां रात काटते नजर आये।
कन्नौज का जिला अस्पताल कहने को तो 100 शय्या का बड़ा असप्ताल है। यहां महिला विंग और ट्रॉमा सेंटर भी स्थापित हैं, लेकिन स्वास्थ्य व्यवस्थाए यहां भगवान के भरोसे हैं।
अगर रात में यहां बिजली चली जाए तो मरीजों को उमस भरी गर्मी में तड़पना पड़ता है। देर रात जिला अस्पताल की बिजली चली गयी, उसके बाद यहां मरीजों और उनके साथ रुके तीमारदारों का बुरा हाल हो गया।
उमस भरी गर्मी में पसीने में भीगे हुये तीमारदार आधी रात में अपने मरीज के पंखा झलते नजर आये। जानकारी करने पर पता चला कि असप्ताल में जनरेटर तो है, लेकिन वह मंत्री या बड़े अफसरों के निरीक्षण पर दिखाने के लिये रखा है। चाहे गर्मी से तड़पते मरीज की जान चली जाए, लेकिन जनरेटर का फायदा उन्हें नही मिलेगा।
तस्वीरों में देखा जा सकता है कि किस तरह एक लाचार मां पसीने से लथपथ हो अपनी बीमार बेटी के हाथ वाले पंखे से हवा दे रही है।