बहराइच, 20 मार्च 2026
मूसलाधार बारिश के बीच भी कर्तव्य और समर्पण की मिसाल पेश करते हुए बहराइच पुलिस ने “मिशन शक्ति फेज-5” के द्वितीय चरण की शुरुआत की। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक द्वारा रिजर्व पुलिस लाइन, बहराइच से महिला सशक्तिकरण बाइक रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया।

बारिश के बावजूद कार्यक्रम में मौजूद पुलिसकर्मियों का उत्साह देखते ही बन रहा था। छातों के सहारे खड़े अधिकारी और भीगते हुए भी ड्यूटी निभाते जवानों ने यह संदेश दिया कि नारी सुरक्षा और सम्मान के लिए उनका संकल्प अटूट है।
इस रैली का उद्देश्य महिलाओं एवं बालिकाओं को उनके अधिकारों, सुरक्षा उपायों और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूक करना रहा। रैली के दौरान मिशन शक्ति से जुड़े जागरूकता गीत एवं जिंगल प्रसारित किए गए, जिससे आमजन को महत्वपूर्ण संदेश दिए गए।

रैली में पीआरवी वाहन, अन्य चार पहिया वाहन तथा लगभग 55 दोपहिया वाहनों ने भाग लिया, जिन पर 180 से अधिक जागरूकता पोस्टर एवं बैनर प्रदर्शित किए गए। इनके माध्यम से वीमेन पावर हेल्पलाइन 1090, आपातकालीन सेवा 112, मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, वन स्टॉप सेंटर 181, साइबर हेल्पलाइन 1930, स्वास्थ्य सेवा 102 एवं एम्बुलेंस सेवा 108 की जानकारी आमजन तक पहुंचाई गई।
बाइक रैली शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी, जहां “नारी सुरक्षा, नारी सम्मान” एवं “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” जैसे नारों के माध्यम से व्यापक जनजागरूकता फैलाई गई। आमजन को यह भी प्रेरित किया गया कि किसी भी प्रकार की छेड़छाड़, हिंसा अथवा उत्पीड़न की स्थिति में तत्काल हेल्पलाइन सेवाओं का उपयोग करें।
रैली पुलिस लाइन, बहराइच से प्रारम्भ होकर मेडिकल कॉलेज, घण्टाघर एवं छावनी चौराहे जैसे प्रमुख मार्गों से गुजरते हुए सम्पन्न हुई। इस दौरान शहर के विभिन्न स्थानों पर लोगों ने रैली का स्वागत किया और अभियान के प्रति सकारात्मक प्रतिक्रिया दी।

रैली में जनपद के समस्त थानों की एंटी रोमियो टीम एवं महिला सुरक्षा विशेष दल की सक्रिय सहभागिता रही, जिन्होंने पूरे मार्ग में सुरक्षा व्यवस्था संभालने के साथ-साथ आमजन को जागरूक भी किया।
इस रैली के माध्यम से यह स्पष्ट संदेश दिया गया कि महिलाओं की सुरक्षा केवल पुलिस की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। कार्यक्रम के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण), क्षेत्राधिकारी नगर, क्षेत्राधिकारी पयागपुर सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे।
बारिश के बीच निकली यह रैली न केवल महिला सशक्तिकरण का प्रतीक बनी, बल्कि यह भी दर्शा गई कि कर्तव्य के आगे हर बाधा छोटी होती है।
