गिट्टी बिछाकर रुका निर्माण, बरसात में इमरजेंसी से महिला अस्पताल तक पहुंचना हुआ जोखिमभरा
एंबुलेंस चालक बोले— स्ट्रेचर संभालना मुश्किल, गर्भवती महिलाओं को सबसे ज्यादा परेशानी

दिलीप सिंह अलीगंज एटा
अलीगंज। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अलीगंज में इलाज के लिए आने वाले मरीजों को अस्पताल के भीतर ही बदहाल सड़क से होकर गुजरना पड़ रहा है। इमरजेंसी गेट से महिला अस्पताल तक जाने वाला मुख्य मार्ग पिछले चार माह से अधूरा पड़ा है। निर्माण कार्य के दौरान सड़क उखाड़कर उस पर गिट्टी डाल दी गई, लेकिन इसके बाद काम ठप हो गया।
बरसात शुरू होने के साथ ही यह अधूरा मार्ग मरीजों, तीमारदारों, स्वास्थ्यकर्मियों और एंबुलेंस कर्मचारियों के लिए बड़ी परेशानी बन गया है। बारिश के कारण सड़क पर जगह-जगह जलभराव हो गया है। पानी भरने से गड्ढे दिखाई नहीं देते और बिखरी गिट्टी के कारण फिसलने का खतरा बना रहता है। ऐसे में अस्पताल आने वाले बुजुर्ग, गंभीर मरीज और महिलाएं काफी मुश्किलों का सामना कर रहे हैं।

स्थानीय लोगों का कहना है कि कई मरीज इस मार्ग पर गिरकर चोटिल भी हो चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद निर्माण कार्य दोबारा शुरू नहीं कराया गया। महिला अस्पताल तक पहुंचने का यही प्रमुख रास्ता होने के कारण गर्भवती महिलाओं की परेशानी और बढ़ गई है। प्रसव पीड़ा से अस्पताल पहुंचने वाली महिलाओं को स्ट्रेचर के सहारे इसी उबड़-खाबड़ मार्ग से ले जाना पड़ता है।
खराब सड़क के कारण स्ट्रेचर को संतुलित रखना भी चुनौती बन जाता है, जिससे मरीज की सुरक्षा को लेकर हर समय चिंता बनी रहती है। अस्पताल आने वाले मरीजों और उनके परिजनों का कहना है कि स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए अस्पताल परिसर की सड़क का दुरुस्त होना भी उतना ही आवश्यक है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि बरसात के दौरान होने वाली परेशानियों को देखते हुए अधूरे निर्माण कार्य को तत्काल पूरा कराया जाए, ताकि मरीजों को राहत मिल सके।

सीएचसी में तैनात एंबुलेंस चालक एमटी फैजल, एमटी प्रवीण, एमटी ज्ञानेंद्र प्रताप और एमटी विमल कुमार ने बताया कि मरीजों को एंबुलेंस से उतारकर अस्पताल परिसर के भीतर ले जाना बेहद कठिन हो गया है। गिट्टी और उखड़ी सड़क के कारण स्ट्रेचर को संभालना मुश्किल होता है और मरीज के गिरने का डर बना रहता है। उन्होंने कहा कि सबसे अधिक दिक्कत गर्भवती महिलाओं को होती है, जिन्हें प्रसव पीड़ा के बीच इसी खराब रास्ते से महिला अस्पताल तक पहुंचाना पड़ता है। उन्होंने मरीजों की सुरक्षा को देखते हुए सड़क निर्माण जल्द पूरा कराने की मांग की।
गर्भवती महिला साधना देवी ने बताया कि वह नियमित जांच के लिए सीएचसी आती हैं। चार माह पहले सड़क पर गिट्टी डाल दी गई थी, लेकिन उसके बाद कोई निर्माण कार्य नहीं हुआ। बरसात में हालात और खराब हो गए हैं, जिससे अस्पताल पहुंचना कठिन हो गया है।

आशा कार्यकर्ता कृपान्ति देवी ने बताया कि खराब सड़क के कारण मरीजों को इमरजेंसी और महिला अस्पताल तक ले जाने में काफी परेशानी होती है। उन्होंने कहा कि यदि जल्द निर्माण कार्य पूरा नहीं कराया गया तो किसी दिन बड़ा हादसा भी हो सकता है। मरीजों की सुविधा और सुरक्षा को देखते हुए संबंधित विभाग को प्राथमिकता के आधार पर सड़क का निर्माण शीघ्र पूरा कराना चाहिए।
